उत्तराखंड की मूल सांस्कृतिक पहचान, सामाजिक समरसता शासन व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए सरकार संकल्पबद्ध
उत्तराखंड की मूल सांस्कृतिक पहचान, सामाजिक समरसता शासन व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए सरकार संकल्पबद्ध
देहरादून/दिल्ली- मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि सरकार उत्तराखण्ड की मूल सांस्कृतिक पहचान, सामाजिक समरसता और शासन व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए संकल्पबद्ध है। नई दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने ये बात कही। विशेष गहन पुनरीक्षण पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एस.आई.आर केवल मतदाता सूची तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राज्य की विभिन्न योजनाओं की पारदर्शिता और वित्तीय प्रबंधन भी जुड़ा हुआ है। उन्होंने बताया कि राज्य में राशन कार्ड, आधार कार्ड और वोटर कार्ड के सत्यापन की प्रक्रिया पहले ही शुरू की जा चुकी है, जिसका उद्देश्य किसी विशेष वर्ग को लक्षित करना नहीं, बल्कि व्यवस्था को दुरुस्त करना है।
आगामी विधानसभा चुनावों के संदर्भ में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में संगठन और सरकार निरंतर सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केदारखण्ड और मानसखण्ड दोनों क्षेत्रों में तीर्थस्थलों का समग्र विकास किया जा रहा है। चारधाम ऑल वेदर रोड, बदरीनाथ मास्टर प्लान, ‘भव्य केदार, दिव्य केदार’ परियोजना, हेमकुण्ड साहिब एवं केदारनाथ रोपवे जैसी परियोजनाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं। मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के अंतर्गत कुमाऊं क्षेत्र के प्रमुख मंदिरों के पुनर्निर्माण, सौंदर्यीकरण और कनेक्टिविटी पर कार्य किया जा रहा है।
